आगर मालवा –
सोयत-माचलपुर बहुचर्चित मार्ग विवाद जिसमें बिना अधिग्रहण बिना मुआवजे सिर्फ अपने रुतबे के आधार पर प्रशासनिक मशीनरी द्वारा किसानों की जमीन पर सड़क का निर्माण कर दिया गया था में सुसनेर कोर्ट के आदेश के बाद किसानों ने अपनी जल जमीन पर पुनः कब्जा कर सड़क मार्ग रोक दिया गया था और उसे समय प्रशासनिक स्तर पर मिले आश्वासन के बाद अभी तक प्रशासनिक स्तर से अभी तक कोई ठोस रिलीफ नहीं मिलने से आशंकित प्रभावित किसान एक बार फिर कलेक्टर कार्यालय में पहुंचे और उन्होंने कलेक्टर से मिलकर अपनी मांग रखने की कोशिश की हालांकि कलेक्टर कार्यालय पहुंचे दल ने बताया कि कलेक्टर महोदय व्यस्तता के चलते कार्यालय नहीं आई और उनसे उनकी मुलाकात नहीं हो पाई पर फिर भी उन्होंने कलेक्टर महोदय के बताए अनुसार आवक शाखा में अपना आवेदन दे दिया है और अभी 7 दिन इंतजार करेंगे और फिर भी आगे हमें कोई रिलीफ ना मिला तो फिर हम अपने आगे आंदोलन की तैयारी करेंगे।
सोयत से पहुंचे किसानों के दल ने कलेक्टर को दिए अपने आवेदन में बताया है कि हम ग्राम सोयतपट्टी के कृषकगण है गत दिवस 2 फरवरी को म.प्र. रोड डेवलपमेन्ट कार्पो लि. भोपाल के अधिकारीगण ने हम प्रार्थीगणों को यह आश्वासन दिया था कि वे हमारी कृषि भूमि का रोड के लिए अधिग्रहण कराने के लिए प्रस्ताव शासन को भेजेगे इस उद्देश्य की पूर्ति के लिए तहसीलदार महोदय सोयतकला के द्वारा राजस्व निरीक्षक एवं पटवारीगणो का एक दल भी बनाया जिनके द्वारा अभी अभी भूमि का सर्वे भी कर लिया गया है ऐसा मौके पर पटवारीगणो ने बताया है ।
यह कि, प्रार्थीगण गरीब कृषक है प्रार्थीगण की कृषि भूमि का अधिग्रहण रोड के लिए नहीं किया गया है जिसका अधिग्रहण किया जाना उपरोक्त संदर्भित कानून के तहत नितांत आवश्यक है ।
यह कि, एमपीआरडीसी के अधिकारीगण इसमे रूचि नही ले रहे है जबकि म.प्र.शासन और केन्द्र सरकार किसानो के हितो की रक्षा करना चाहती है और उचित मुआवजा प्रत्येक रोड के लिए दिया जा रहा है।
उल्लेखनीय है कि राजगढ़ जिले के कलेक्टर महोदय के द्वारा यहाँ केकृषको को मुआवजा दे दिया गया है प्रार्थीगण अभी तक वंचित है ।अतः प्रार्थना है कि प्रार्थीगणों की कृषि भूमि का अधिग्रहण किये जानेहेतु आदेश प्रदान करने की कृपा करें –

